जिले में चल रहे विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसएसआर-2025) अभियान के दौरान गंभीर अनियमितताएं सामने आने पर जिला निर्वाचन कार्यालय ने सख्त कदम उठाया है। मतदाता सूची को शुद्ध और त्रुटिरहित बनाने की प्रक्रिया में लापरवाही बरतने के आरोप में कुल 21 बूथ लेवल ऑफिसर बीएलओ (BLO) के खिलाफ विभिन्न थानों में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
यह कार्रवाई जिलाधिकारी सह जिला निर्वाचन अधिकारी इंद्र विक्रम सिंह के निर्देश पर की गई। जांच में पाया गया कि संबंधित बीएलओ ने फॉर्म-6, फॉर्म-7 और फॉर्म-8 की प्रविष्टियों में भारी गड़बड़ी की। कई स्थानों पर फर्जी नाम जोड़े गए, मृत व्यक्तियों के नाम नहीं हटाए गए और एक ही व्यक्ति का नाम अलग-अलग बूथों पर दर्ज पाया गया।
गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज
निर्वाचन कार्यालय के अनुसार साहिबाबाद, लोनी, मुरादनगर, मोदी नगर और कोतवाली क्षेत्र के 21 बीएलओ पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 336 (जनप्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 31 के साथ), धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और सरकारी कार्य में बाधा डालने जैसी धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
जिलाधिकारी की कड़ी चेतावनी
जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने स्पष्ट कहा:
“मतदाता सूची बेहद संवेदनशील दस्तावेज है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो भी अधिकारी इस प्रक्रिया को दूषित करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई तय है। यह सिर्फ शुरुआत है।”
महत्वपूर्ण तिथियां
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विशेष क्वालिफाइंग तिथि: 1 जनवरी 2026
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अंतिम मतदाता सूची प्रकाशन: 5 जनवरी 2026
सभी बीएलओ को शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन के निर्देश दिए गए हैं।
आमजन से अपील
यदि किसी मतदाता को बीएलओ की कार्यशैली पर आपत्ति है तो वे 1950 हेल्पलाइन या जिला निर्वाचन कार्यालय से संपर्क करें।
लोकतंत्र की शुचिता पर जोर
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि स्वच्छ मतदाता सूची लोकतंत्र की नींव है और इसमें किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।










