Bpc News Digital

  • अपनी भाषा चुनें

You are Visiters no

815847
हमें फॉलो करें

भाषा चुनें

विकास प्राधिकरण में फिर सिर उठा रहा ‘बाहरी मकड़जाल’, CM योगी के भ्रष्टाचार-मुक्त शासन पर सवाल

BPC News National Desk
3 Min Read

गाजियाबाद, 09 दिसंबर। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़े रुख के लिए जाने जाते हैं, लेकिन गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (GDA) के अंदर की हकीकत उनके प्रयासों को चुनौती देती दिख रही है। प्राधिकरण के भीतर एक बार फिर “बाहरी मकड़जाल” सक्रिय हो गया है, जो कथित रूप से अवैध वसूली और अनधिकृत निर्माणों को खुला संरक्षण दे रहा है।

सूत्रों का दावा बाहरी तत्वों को संवेदनशील फाइलों तक पहुंच

GDA के एक वरिष्ठ कर्मचारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया:
“ये बाहरी लोग हर जोन की संवेदनशील फाइलों तक पहुंच रखते हैं। अवैध प्लॉटिंग, बिल्डरों से कमीशन, नक्शा पास कराने तक सब इनकी मर्जी से चल रहा है। अंदरूनी संरक्षण इतना मजबूत है कि ये रोज दफ्तरों में घूमते रहते हैं।”

कुछ महीने पहले प्राधिकरण के भीतर ऐसी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए कई तबादले भी हुए थे, लेकिन अब वही नेटवर्क फिर से पूरी शक्ति के साथ सक्रिय हो गया है।

CM ऑफिस तक शिकायतें, फिर भी कार्रवाई नहीं

सबसे गंभीर पहलू यह है कि इस पूरे मामले की कई शिकायतें सीधे मुख्यमंत्री कार्यालय तक पहुंच चुकी हैं।
इसके बावजूद—

  • कोई बड़ी कार्रवाई सामने नहीं आई

  • वही लोग फिर से सक्रिय दिख रहे हैं

  • और राजनीतिक कनेक्शन के कारण ये खुद को सुरक्षित मानते हैं

GDA के ईमानदार अधिकारियों का कहना है कि इन बाहरी तत्वों की वजह से प्राधिकरण की साख पूरी तरह दांव पर है।

अवैध कॉलोनियां और निर्माण तेजी से बढ़े

स्थानीय लोगों का कहना है कि गाजियाबाद में अवैध कॉलोनियों और अनधिकृत निर्माणों की रफ्तार बढ़ने की बड़ी वजह यही बाहरी-आंतरिक गठजोड़ है।
नागरिकों का आरोप है कि:

  • कुछ मध्यस्थ मिलकर करोड़ों की वसूली कर रहे हैं

  • अवैध निर्माणों को रोकने की कार्रवाई कागजों तक सीमित है

  • फील्ड में टीमों की कार्यप्रणाली संदिग्ध दिखाई देती है

अब नजरें योगी सरकार पर

योगी आदित्यनाथ सरकार दावा करती है कि प्रदेश में भ्रष्टाचार के लिए “जीरो टॉलरेंस” नीति लागू है।
पर GDA में बढ़ती गड़बड़ियाँ उस नीति को सवालों के घेरे में खड़ा कर रही हैं।

अब जनता का सबसे बड़ा सवाल—

क्या GDA में फैला यह अवैध मकड़जाल खत्म होगा?

या फिर बाहरी दलालों और भ्रष्ट नेटवर्क की मनमानी यूं ही चलती रहेगी?

समय इस सवाल का जवाब देगा, लेकिन फिलहाल जनता, कर्मचारी और शहर तीनों इंतजार में हैं।

Share This Article
bpcnews.in is one of the fastest-growing Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India-based news and stories
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *