संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में भारत ने पाकिस्तान को कड़ी फटकार लगाते हुए उसे आतंकवाद का केंद्र और राज्य नीति के रूप में आतंक का इस्तेमाल करने वाला देश करार दिया। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पर्वतनेनी हरीश ने खुली बहस के दौरान पाकिस्तान के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि पाकिस्तान की “झूठी और स्व-सेवी कहानियां अब अंतरराष्ट्रीय मंच पर नहीं चलेंगी।”
भारत ने इस दौरान विशेष रूप से जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले का जिक्र किया, जिसमें 26 निर्दोष नागरिकों की जान गई थी।
“पाकिस्तान का एजेंडा सिर्फ भारत को नुकसान पहुंचाना” – भारत
पाकिस्तान के राजदूत असीम इफ्तिखार अहमद द्वारा उठाए गए मुद्दों का जवाब देते हुए पर्वतनेनी हरीश ने कहा:
“पाकिस्तान का एकमात्र एजेंडा भारत और उसके नागरिकों को नुकसान पहुंचाना है। वह आतंकवाद को सामान्य बनाने की कोशिश कर रहा है, जो किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है।”
उन्होंने कहा कि पाकिस्तान लगातार अंतरराष्ट्रीय मंचों का दुरुपयोग कर झूठा नैरेटिव फैलाने की कोशिश करता है।
पहलगाम हमला: UNSC को याद दिलाई गई सच्चाई
भारत ने UNSC को अप्रैल 2025 में पहलगाम में हुए आतंकी हमले की याद दिलाई, जिसमें:
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26 निर्दोष नागरिकों की मौत हुई थी
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हमले की UNSC ने भी निंदा की थी
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जांच में पाकिस्तान प्रायोजित आतंकियों की भूमिका सामने आई थी
हरीश ने कहा:
“यह हमला पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का ताजा उदाहरण है, जिससे भारत दशकों से पीड़ित रहा है।”
ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र: भारत का करारा जवाब
भारत ने बताया कि पहलगाम हमले के जवाब में मई 2025 में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ लॉन्च किया गया था, जिसमें:
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पाकिस्तान और PoK में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया
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कई लॉन्च पैड और ट्रेनिंग कैंप ध्वस्त किए गए
हरीश ने कहा:
“पाकिस्तान मई तक भारत पर और हमलों की धमकी दे रहा था, लेकिन ऑपरेशन सिंदूर के बाद वही पाकिस्तान संघर्ष विराम की अपील करता नजर आया।”
उन्होंने पाकिस्तान के दावों को “झूठा, भ्रामक और स्व-सेवी” करार दिया।
दशकों से आतंकवाद का शिकार रहा भारत
भारत ने UNSC में दो टूक कहा कि वह लंबे समय से पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद का शिकार रहा है, जिसमें शामिल हैं:
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2001 संसद हमला
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2008 मुंबई 26/11 हमला
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पुलवामा हमला
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उरी हमला
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पहलगाम हमला
हरीश ने कहा:
“भारत अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और आतंकवाद के अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाकर रहेगा।”
किस मुद्दे पर हो रही थी बहस?
यह पूरा घटनाक्रम UNSC की बैठक में हुआ, जिसका विषय था:
“सशस्त्र संघर्ष में नागरिकों की सुरक्षा”
इस बहस के दौरान पाकिस्तान ने भारत पर आरोप लगाए थे, जिसके जवाब में भारत ने पाकिस्तान को सीधे कटघरे में खड़ा कर दिया।
भारत की वैश्विक रणनीति
विदेश मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार:
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भारत आतंकवाद पर Zero Tolerance Policy पर अडिग है
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हर अंतरराष्ट्रीय मंच पर पाकिस्तान को एक्सपोज़ किया जाएगा
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FATF और UNSC जैसे मंचों पर दबाव और बढ़ेगा
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बयान सिर्फ कूटनीतिक नहीं, बल्कि वैश्विक जनमत को पाकिस्तान के खिलाफ मजबूत करने की रणनीति का हिस्सा है।
वैश्विक संदेश साफ
भारत का UNSC में संदेश स्पष्ट है:
आतंकवाद को न तो छुपाया जा सकता है,
न सही ठहराया जा सकता है,
और न ही राजनीतिक हथियार की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है।
यह बयान पाकिस्तान के लिए डिप्लोमैटिक झटका और
भारत के लिए ग्लोबल लीडरशिप स्टैंड माना जा रहा है।








