इंदिरापुरम के निवासियों को लंबे समय से चली आ रही सीवर ओवरफ्लो की समस्या से आखिरकार राहत मिल गई है।
गाजियाबाद नगर निगम ने आधुनिक ट्रेंचलेस तकनीक का उपयोग करते हुए इस समस्या का स्थायी समाधान कर दिया है।
बिना सड़क तोड़े किया गया काम
इस परियोजना की सबसे खास बात यह रही कि इसमें ट्रेंचलेस (बिना खुदाई) तकनीक का इस्तेमाल किया गया।
इससे:
- सड़कों को कोई नुकसान नहीं हुआ
- लोगों को असुविधा नहीं हुई
- काम तेज और प्रभावी तरीके से पूरा हुआ
250 मीटर लंबी नई सीवर लाइन
नगर आयुक्त Vikramaditya Singh Malik के नेतृत्व में:
- 250 मीटर लंबी
- 1800 मिमी व्यास की
नई सीवर कनेक्टिंग लाइन डाली गई, जिससे ओवरफ्लो की समस्या पूरी तरह खत्म हो गई।
पुराने सिस्टम में किया गया सुधार
परियोजना के तहत गाजियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा पहले डाली गई सीवर लाइन को करीब डेढ़ मीटर नीचे किया गया।
इसके बाद नई लाइन को:
- सीआईएसएफ रोड
- मुख्य पंपिंग स्टेशन (इंदिरापुरम)
से जोड़ा गया, जिससे पूरे सिस्टम की कार्यक्षमता बेहतर हुई।
3.5 करोड़ की लागत, 6 महीने में पूरा काम
करीब साढ़े तीन करोड़ रुपये की लागत से यह परियोजना 6 महीने में पूरी की गई, जो अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
कई विभागों ने मिलकर किया काम
इस प्रोजेक्ट को सफल बनाने में कई एजेंसियों ने मिलकर काम किया, जिनमें:
- जल निगम
- जलकल विभाग
- VA Tech Wabag
शामिल रहे।
साथ ही विशेषज्ञों और इंजीनियरों की एक टीम ने इस जटिल कार्य को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।
नगर आयुक्त का बयान
Vikramaditya Singh Malik ने कहा कि यह समस्या कई वर्षों से बनी हुई थी और तकनीकी रूप से चुनौतीपूर्ण थी।
लेकिन आधुनिक तकनीक के जरिए इसका स्थायी समाधान संभव हो पाया है।
आगे भी मिलेंगे आधुनिक समाधान
गाजियाबाद नगर निगम का कहना है कि शहर की अन्य समस्याओं को भी इसी तरह आधुनिक तकनीकों से हल किया जाएगा।








