संविधान दिवस के अवसर पर गाजियाबाद के सामाजिक एवं जलवायु कार्यकर्ता आलोक राय को देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मानों में से एक कर्मवीर चक्र से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें इंटरनेशनल कॉन्फेडरेशन ऑफ एनजीओ (iCONGO) और संयुक्त राष्ट्र से संबद्ध मंच द्वारा आयोजित 16वें रेयमंड कर्मवीर चक्र अवॉर्ड समारोह में प्रदान किया गया।

यह सम्मान सिर्फ एक व्यक्ति की उपलब्धि नहीं, बल्कि गाजियाबाद के लिए भी गर्व का क्षण है। इससे पहले भी आलोक राय को राष्ट्रपति द्वारा राष्ट्रीय सामाजिक सेवा पुरस्कार से नवाजा जा चुका है, जिससे वे लगातार राष्ट्रीय मंच पर जिले का नाम रोशन कर रहे हैं।
एक दशक से ज़मीनी संघर्ष और सामाजिक सेवा
पिछले 10 वर्षों से अधिक समय से आलोक राय शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण और पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने 7 राज्यों में हजारों परिवारों तक स्वच्छ ऊर्जा, बेहतर शिक्षा और पोषण सुविधाएं पहुंचाई हैं।

वे वर्तमान में The Social Purpose Trust और Surya Sangam के संस्थापक हैं और गाजियाबाद में जिला प्रशासन के साथ मिलकर प्रधानमंत्री सूर्य घर : मुफ्त बिजली योजना को जन-जन तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। इस अभियान का उद्देश्य हर घर को सौर ऊर्जा से जोड़कर उसे आत्मनिर्भर बनाना है।
“गाजियाबाद को बनाऊंगा सोलर सिटी” – आलोक राय
सम्मान प्राप्त करने के बाद आलोक राय ने कहा:
“यह सम्मान मेरे लिए नहीं, गाजियाबाद के उन हजारों परिवारों के लिए है जो सोलर अपनाकर न केवल बिजली बिल जीरो कर रहे हैं बल्कि पर्यावरण की रक्षा भी कर रहे हैं। मेरा सपना है कि गाजियाबाद उत्तर भारत का पहला ‘सोलर सिटी’ बने।”
उन्होंने यह भी बताया कि वार्ड-वार शिविर लगाकर हर घर तक सौर ऊर्जा पहुंचाने की योजना पर तेजी से कार्य चल रहा है।
गाजियाबाद के लिए दोहरा गौरव
आलोक राय के इस सम्मान से न केवल पर्यावरण अभियान को नई ऊर्जा मिली है बल्कि गाजियाबाद की पहचान भी एक जलवायु-सचेत शहर के रूप में राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हुई है।










