वैशाली नगर निगम ने अवैध अतिक्रमण के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए बिहारी मार्किट में व्यापक कार्रवाई की है। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर अवैध कब्जों को हटाया और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की।
इस अभियान के दौरान नगर निगम ने अवैध निर्माण हटाने के साथ-साथ लगभग 1 लाख रुपये का जुर्माना भी वसूला। यह जुर्माना प्रतिबंधित पॉलीथिन के इस्तेमाल, सफाई मानकों की अनदेखी और अवैध कब्जों के कारण लगाया गया।
शिकायतों के बाद हुई त्वरित कार्रवाई
पिछले कुछ दिनों से IGRS पोर्टल और फोन कॉल्स के माध्यम से बिहारी मार्किट में अवैध अतिक्रमण की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए:
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संपत्ति विभाग
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स्वास्थ्य विभाग
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जोनल टीम
ने संयुक्त रूप से मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की और अवैध निर्माण को हटवाया।
दुकानों को बनाया गया आवास, 2 दिन का अल्टीमेटम
जांच के दौरान एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ—
कुछ लोगों ने दुकानों को आवासीय उपयोग में बदल दिया था और अपने परिवार के साथ वहीं रहना शुरू कर दिया था।
महापौर सुनीता दयाल ने ऐसे लोगों को सख्त चेतावनी देते हुए कहा:
“दुकानों का उपयोग केवल व्यापार के लिए किया जाएगा। आवासीय उपयोग किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा।”
निर्देश:
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2 दिन के भीतर दुकानें खाली करें
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अन्यथा नगर निगम खुद कब्जा हटाकर दुकानों को दोबारा किराए पर देगा
अस्थायी ठियों से बनी पक्की दुकानें
जांच में यह भी सामने आया कि:
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पहले अस्थायी ठिये (किराए की जगह) दिए गए थे
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कई लोगों ने बिना अनुमति पक्की दुकानें बना लीं
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इनका उपयोग नियमों के विरुद्ध किया जा रहा था
अब नगर निगम ने इन सभी मामलों में सख्ती बरतने और नियमों को लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
भविष्य के लिए कड़ी चेतावनी
नगर निगम अधिकारियों ने साफ कहा है कि:
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अवैध अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं होगा
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पॉलीथिन प्रतिबंध का पालन अनिवार्य होगा
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सफाई मानकों की नियमित निगरानी की जाएगी
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नगर निगम संपत्तियों का सही उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा
क्यों महत्वपूर्ण है यह कार्रवाई?
यह कार्रवाई इसलिए अहम मानी जा रही है क्योंकि:
✔ शहर में अवैध कब्जों पर नियंत्रण
✔ व्यापारिक क्षेत्रों का सही उपयोग
✔ स्वच्छता और पर्यावरण नियमों का पालन
✔ नगर निगम की संपत्तियों की सुरक्षा







