हापुड़ जिले के प्रसिद्ध गढ़मुक्तेश्वर घाट पर उस समय हड़कंप मच गया जब अंतिम संस्कार के लिए लाया गया कथित शव ( नकली शव ) असल में एक प्लास्टिक का पुतला निकला। स्थानीय लोगों की सतर्कता से यह सनसनीखेज मामला सामने आया और मौके से तीन युवकों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तीन युवक एक कार में शव लाकर घाट पर पहुंचे और बिना किसी धार्मिक विधि के सीधे अंतिम संस्कार की तैयारी करने लगे। जब उनकी गतिविधियों पर लोगों को शक हुआ तो एक स्थानीय व्यक्ति ने शव का कफन हटाया, जिसके बाद सच्चाई सामने आई कि वह शव नहीं बल्कि एक प्लास्टिक का नकली शव पुतला था।
बड़ी आपराधिक साजिश की आशंका
स्थानीय लोगों ने आशंका जताई है कि यह मामला किसी बड़ी धोखाधड़ी या आपराधिक साजिश से जुड़ा हो सकता है। संभावनाएं जताई जा रही हैं कि:
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किसी जीवित व्यक्ति को मृत दिखाकर बीमा की रकम हड़पने की कोशिश
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किसी अपराधी को मृत घोषित कर कानून से बचाने का प्रयास
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कथित अपराध साक्ष्य मिटाने की साजिश
पुलिस इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपियों से पूछताछ कर रही है और यह जानने की कोशिश कर रही है कि प्लास्टिक के पुतले का अंतिम संस्कार कराने के पीछे असली मंशा क्या थी।
पुलिस जांच जारी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि पूरे प्रकरण की गहनता से जांच की जा रही है। मौके पर मिली कार, पुतला और अन्य वस्तुओं को कब्जे में लेकर फोरेंसिक परीक्षण के लिए भेजा गया है। मामले में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किए जाने की प्रक्रिया चल रही है।











