पौड़ी गढ़वाल | उत्तराखंड के खिर्सू विकासखंड में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान धन सिंह रावत ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक समयबद्ध तरीके से पहुंचाया जाए। उन्होंने लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी।
जनकल्याणकारी योजनाओं की गहन समीक्षा
बैठक में विभिन्न विभागों की प्रगति का विस्तृत मूल्यांकन किया गया।
मंत्री ने अधिकारियों से योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति पर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा।
PM योजनाओं पर विशेष फोकस
मंत्री ने प्रमुख योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि इनका लाभ हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए:
- प्रधानमंत्री आवास योजना
- आयुष्मान भारत योजना
- प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि
- हर घर जल योजना
लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई
धन सिंह रावत ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि ग्रामीण क्षेत्रों तक योजनाओं का पूरा लाभ पहुंचे।
दस्तावेज सेवाओं को समय पर जारी करने के निर्देश
मंत्री ने आय प्रमाण पत्र, राशन कार्ड और मृत्यु प्रमाण पत्र जैसे जरूरी दस्तावेज समय पर जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि आम जनता को इन बुनियादी सेवाओं के लिए परेशानी नहीं होनी चाहिए।
ग्रामीण ढांचे को मजबूत करने पर जोर
पंचायत घरों को नियमित रूप से खोलने और स्थानीय प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
इससे ग्रामीण स्तर पर सेवाओं की पहुंच बेहतर होगी।
विकास कार्यों को समय पर पूरा करने के निर्देश
मंत्री ने ग्रामीण सड़कों, स्कूलों की चहारदीवारी और स्वास्थ्य केंद्रों के निर्माण कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि ये सुविधाएं ग्रामीण जीवन स्तर सुधारने में अहम भूमिका निभाती हैं।
अक्टूबर 2026 तक पूर्ण साक्षरता का लक्ष्य
शिक्षा क्षेत्र में मंत्री ने बड़ा लक्ष्य तय करते हुए अक्टूबर 2026 तक खिर्सू ब्लॉक को पूर्ण साक्षर बनाने के निर्देश दिए।
इसके लिए विशेष अभियान चलाने पर जोर दिया गया।
जमीनी स्तर पर निगरानी जरूरी
मंत्री ने अधिकारियों से नियमित क्षेत्र भ्रमण कर योजनाओं के क्रियान्वयन की निगरानी करने को कहा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल कागजी कार्यवाही नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर परिणाम दिखने चाहिए।
स्थानीय लोगों को बढ़ी उम्मीदें
इस पहल से स्थानीय लोगों में उम्मीद जगी है कि योजनाओं का लाभ सही तरीके से मिलेगा और विकास कार्यों में तेजी आएगी।
सरकार की गंभीरता का संकेत
कुल मिलाकर, खिर्सू में हुई यह समीक्षा बैठक दर्शाती है कि राज्य सरकार जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गंभीर है।
अब यह देखना होगा कि इन निर्देशों का पालन किस स्तर तक होता है।







