देश के अग्रणी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में शामिल ने असम राइफल्स के जवानों और पेंशनभोगियों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की है। बैंक ने के महानिदेशालय के साथ समझौता ज्ञापन यानी एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं।
यह समझौता शिलांग में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान किया गया, जिसके तहत पीएनबी अपनी प्रमुख योजना “पीएनबी रक्षक प्लस” के जरिए असम राइफल्स के सेवारत कर्मियों और पेंशनभोगियों को विशेष बैंकिंग सेवाएं और बढ़े हुए बीमा लाभ उपलब्ध कराएगा।
जवानों और परिवारों को मिलेगी आर्थिक सुरक्षा
इस समझौते का उद्देश्य देश की सुरक्षा में योगदान देने वाले जवानों और उनके परिवारों को आर्थिक सुरक्षा और बेहतर बैंकिंग सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
कार्यक्रम में:
- मेजर जनरल डी.एस. बिष्ट
- महाप्रबंधक संजीव भारद्वाज
सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
100 लाख रुपये तक का दुर्घटना बीमा
एमओयू के तहत असम राइफल्स के जवानों और पेंशनभोगियों को कई विशेष लाभ दिए जाएंगे।
योजना के प्रमुख लाभ:
- 100 लाख रुपये तक व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा
- हवाई दुर्घटना पर 150 लाख रुपये तक कवरेज
- पूर्ण या आंशिक दिव्यांगता पर 100 लाख रुपये तक सहायता
- सैन्य अभियान में मृत्यु होने पर अतिरिक्त 10 लाख रुपये का विशेष कवरेज
स्वास्थ्य बीमा और लोन में भी राहत
पीएनबी की ओर से बताया गया कि योजना के तहत:
- स्वास्थ्य बीमा सुविधाएं
- रिटेल लोन पर विशेष रियायतें
- परिवार और आश्रितों के लिए अतिरिक्त लाभ
भी उपलब्ध कराए जाएंगे।
इससे जवानों के साथ-साथ उनके परिवारों को भी आर्थिक सुरक्षा का लाभ मिलेगा।
दोनों संस्थाओं ने जताई सहयोग की प्रतिबद्धता
समझौते पर:
- असम राइफल्स की ओर से ब्रिगेडियर संदीप चटर्जी
- पीएनबी की ओर से गुवाहाटी अंचल प्रबंधक बिजेंद्र सिंह
ने हस्ताक्षर किए।
कार्यक्रम के दौरान दोनों संस्थाओं ने भविष्य में भी सुरक्षा बलों के कल्याण के लिए सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता जताई।
“पीएनबी रक्षक प्लस” योजना का उद्देश्य
पीएनबी अधिकारियों के अनुसार बैंक लंबे समय से सशस्त्र बलों और सुरक्षा एजेंसियों के लिए विशेष बैंकिंग योजनाएं संचालित करता रहा है।
“पीएनबी रक्षक प्लस” योजना का उद्देश्य:
- जवानों को सम्मान देना
- आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करना
- परिवारों को वित्तीय सहयोग देना
है।
बैंक का मानना है कि आर्थिक रूप से सुरक्षित जवान देश सेवा में और अधिक मजबूती से योगदान दे सकते हैं।
विशेषज्ञों ने बताया मनोबल बढ़ाने वाला कदम
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की योजनाएं सुरक्षा बलों के मनोबल को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
उनके अनुसार:
- कठिन परिस्थितियों में काम करने वाले जवानों को सुरक्षा मिलती है
- परिवारों का भविष्य सुरक्षित होता है
- वित्तीय तनाव कम होता है
जिससे जवान अपने कर्तव्यों पर अधिक ध्यान दे पाते हैं।
पूर्वोत्तर में अहम भूमिका निभाती है असम राइफल्स
असम राइफल्स भारत के सबसे पुराने अर्धसैनिक बलों में से एक मानी जाती है। यह बल पूर्वोत्तर राज्यों में:
- सुरक्षा व्यवस्था
- सीमा प्रबंधन
- शांति बनाए रखने
में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
ऐसे में पीएनबी और असम राइफल्स के बीच हुआ यह समझौता हजारों जवानों और उनके परिवारों के लिए लाभकारी साबित हो सकता है।
रक्षा समुदाय के लिए बड़ा कदम
इस पहल को रक्षा समुदाय के प्रति सम्मान और सहयोग की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
पीएनबी ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी बैंक देश के सशस्त्र बलों और सुरक्षा कर्मियों के हित में ऐसी योजनाएं जारी रखेगा, ताकि उन्हें बेहतर वित्तीय सुरक्षा और आधुनिक बैंकिंग सुविधाएं मिल सकें।









