Bpc News Digital

  • अपनी भाषा चुनें

You are Visiters no

819954
हमें फॉलो करें

भाषा चुनें

सीमा सुरक्षा पर सरकार सख्त, पाकिस्तान सीमा से 15 किलोमीटर दायरे में अवैध निर्माणों पर होगी कार्रवाई

BPC News National Desk
4 Min Read

देश की राष्ट्रीय सुरक्षा को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से केंद्र सरकार ने पाकिस्तान से सटी अंतरराष्ट्रीय सीमा के आसपास सख्त कदम उठाने शुरू कर दिए हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सीमा क्षेत्र में बने कथित अवैध निर्माणों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। गृह मंत्रालय के अनुसार पाकिस्तान सीमा से 15 किलोमीटर के दायरे में स्थित सभी अनधिकृत ढांचों की जांच कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

यह निर्देश गृह मंत्री द्वारा राजस्थान दौरे के दौरान अधिकारियों के साथ हुई उच्चस्तरीय बैठक में दिए गए। बैठक में सीमा सुरक्षा, तस्करी, अवैध गतिविधियों और संदिग्ध आर्थिक लेनदेन जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। गृह मंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा कि सीमा क्षेत्र में किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और “जीरो टॉलरेंस” नीति के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी।

गृह मंत्रालय के बयान के अनुसार, जिला प्रशासन, पुलिस, खुफिया एजेंसियों और अन्य संबंधित विभागों को संयुक्त रूप से अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को सीमा क्षेत्र में बने संदिग्ध निर्माणों, फर्जी कंपनियों, संदिग्ध बैंक खातों और फर्जी दस्तावेजों की गहन जांच करने को कहा गया है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सरकार को आशंका है कि सीमा से लगे कुछ क्षेत्रों में अवैध निर्माणों और फर्जी पहचान पत्रों का उपयोग तस्करी तथा अन्य गैरकानूनी गतिविधियों के लिए किया जा सकता है। इसी कारण बैंकिंग लेनदेन और वित्तीय गतिविधियों पर भी विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। संदिग्ध खातों और फर्जी आधार कार्ड से जुड़े मामलों की जांच के लिए अलग-अलग एजेंसियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि भारत-पाकिस्तान सीमा लंबे समय से सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र रही है। कई बार सीमा पार से हथियार, नशीले पदार्थ और अन्य अवैध सामान की तस्करी की घटनाएं सामने आती रही हैं। इसके अलावा फर्जी दस्तावेजों और अवैध नेटवर्क के जरिए आपराधिक गतिविधियों को अंजाम देने की कोशिशें भी सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बनी रहती हैं।

सरकार का कहना है कि यह अभियान केवल अवैध निर्माण हटाने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सीमा क्षेत्र में मौजूद पूरे नेटवर्क की निगरानी और जांच की जाएगी। यदि किसी व्यक्ति या संस्था की गतिविधियां संदिग्ध पाई जाती हैं, तो उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।

राजस्थान, गुजरात और पंजाब जैसे सीमावर्ती राज्यों में सुरक्षा एजेंसियां पहले से ही हाई अलर्ट पर रहती हैं। अब नई रणनीति के तहत स्थानीय प्रशासन और केंद्रीय एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया जा रहा है ताकि सीमा पार अपराधों को प्रभावी ढंग से रोका जा सके।

गृह मंत्री अमित शाह ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि सीमा क्षेत्रों में रहने वाले आम नागरिकों को किसी प्रकार की अनावश्यक परेशानी न हो। कार्रवाई केवल उन्हीं मामलों में की जाए जहां स्पष्ट रूप से नियमों का उल्लंघन या संदिग्ध गतिविधियों के प्रमाण मिले हों। साथ ही स्थानीय लोगों से सहयोग लेने और उन्हें सुरक्षा के प्रति जागरूक करने पर भी बल दिया गया।

विशेषज्ञों का मानना है कि सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना वर्तमान समय की बड़ी आवश्यकता है। आधुनिक तकनीक, डिजिटल निगरानी और वित्तीय ट्रैकिंग के जरिए अब सरकार सीमा पार अपराधों पर अधिक प्रभावी तरीके से नजर रख सकती है।

सरकार की इस सख्त नीति को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आने वाले समय में सीमा क्षेत्रों में निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किए जाने की संभावना है, जिससे तस्करी, फर्जीवाड़ा और अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सकेगा।

Share This Article
bpcnews.in is one of the fastest-growing Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India-based news and stories
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *