गाजियाबाद नगर निगम में हाउस टैक्स को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें नामित पार्षदों ने नगर आयुक्त से मुलाकात कर शहर के हित से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा की। इस दौरान जहां एक ओर हाउस टैक्स में दी गई छूट के लिए नगर निगम का आभार व्यक्त किया गया, वहीं दूसरी ओर ऐसे भवनों को भी टैक्स के दायरे में लाने की मांग उठाई गई, जो अब तक इससे बाहर हैं।
बैठक के दौरान पार्षदों ने नगर आयुक्त को पुष्प गुच्छ भेंट कर हाउस टैक्स में दी गई राहत के लिए धन्यवाद दिया। शासन के निर्देशों के क्रम में शहरवासियों को 25%, 32.5% और 40% तक की छूट प्रदान की गई है। इसके अलावा कचरा पृथक्करण को बढ़ावा देने के लिए 10% की अतिरिक्त छूट भी दी जा रही है, जिसे नागरिकों ने सराहा है। नगर आयुक्त ने इसे जनहित में लिया गया महत्वपूर्ण निर्णय बताया।
जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में उठे अहम मुद्दे
इस अवसर पर पार्षद पूनम सिंह, सुमन, सुनील यादव, भागवत गुप्ता और प्रदीप सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। वहीं वार्ड 34 से मोहम्मद कल्लण और वार्ड 93 से आरिफ मलिक ने भी क्षेत्रीय निवासियों की ओर से नगर निगम का आभार जताया।
पार्षदों ने बैठक में यह मुद्दा भी उठाया कि हाउस टैक्स में छूट के बावजूद कुछ लोग भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। इस पर नगर आयुक्त से अनुरोध किया गया कि टैक्स दरों और छूट की जानकारी को और अधिक स्पष्ट और पारदर्शी तरीके से जनता तक पहुंचाया जाए, ताकि किसी प्रकार की गलतफहमी न रहे।
छूटे भवनों को टैक्स दायरे में लाने की तैयारी
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण बिंदु उन भवनों को लेकर रहा, जो अभी तक हाउस टैक्स के दायरे में नहीं आए हैं। पार्षदों ने सुझाव दिया कि ऐसे भवनों की पहचान कर विशेष अभियान चलाया जाए और कैंप लगाकर उन्हें टैक्स के दायरे में शामिल किया जाए। उनका कहना था कि इससे न केवल राजस्व में वृद्धि होगी, बल्कि व्यवस्था भी अधिक पारदर्शी और न्यायसंगत बनेगी।

नगर आयुक्त ने दिए तत्काल कार्रवाई के निर्देश
नगर आयुक्त ने इस सुझाव को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य कर निर्धारण अधिकारी को आदेशित किया कि ऐसे सभी भवनों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई की जाए और उन्हें हाउस टैक्स के दायरे में लाया जाए। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि इस दिशा में तेजी से काम शुरू किया जाएगा।
नगर आयुक्त ने बताया कि शासन द्वारा निर्धारित नई हाउस टैक्स दरों को सॉफ्टवेयर में अपडेट करने की प्रक्रिया भी तेज गति से चल रही है, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि नगर निगम की टीम पूरी तरह से सक्रिय है और शहरवासियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
पारदर्शिता और राजस्व बढ़ाने की दिशा में कदम
कुल मिलाकर, यह बैठक हाउस टैक्स व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और व्यापक बनाने की दिशा में एक अहम कदम मानी जा रही है। जहां एक ओर नागरिकों को राहत दी जा रही है, वहीं दूसरी ओर सभी को समान रूप से टैक्स के दायरे में लाने की पहल से नगर निगम की कार्यप्रणाली को और मजबूत करने की कोशिश की जा रही है।








