Bpc News Digital

  • अपनी भाषा चुनें

You are Visiters no

817330
हमें फॉलो करें

भाषा चुनें

BPC न्यूज़ -: गाजियाबाद सपा नेताओं ने मनाई संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ.भीमराव अंबेडकर की पुण्यतिथि

BPC News National Desk
2 Min Read

BPC न्यूज़ -: गाजियाबाद सपा नेताओं ने मनाई संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ.भीमराव अंबेडकर की पुण्यतिथि

गाजियाबाद : भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहब डॉ.भीमराव अंबेडकर की पुण्यतिथि पर समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष फैसल हुसैन व महानगर अध्यक्ष एडवोकेट, वीरेंद्र यादव समेत सभी समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर पुष्पांजलि अर्पित करी।

इस अवसर पर जिलाध्यक्ष फैसल हुसैन एडवोकेट ने कहा कि भारतीय संविधान के पिता कहे जाने वाले डॉ भीमराव अंबेडकर का जन्म 14 अप्रैल 1891 को महू में हुआ था।

उन्हें दलितों का नेता, समाज सुधारक और संविधान के निर्माता के रूप में भी जाना जाता है। बाबा साहेब के बचपन का नाम भीम सकपाल था। उनके पिता रामजी मोलाजी एक प्रधानाध्यापक थे। डॉ भीमराव अंबेडकर ने हमेशा शोषितों, वंचितों के लिए कार्य किया है।

इस अवसर पर महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव एडवोकेट ने कहा कि बाबा साहेब मानते थे। कि कोई भी देश तब तक विकास नहीं कर सकता जब तक वहां की महिलाओं का विकास ना हो जाएं। बाबा साहब उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अमेरिका और जर्मनी भी गए लेकिन ऐसा बिल्कुल भी नहीं है.

उनकी स्कूली शिक्षा सुखमय थी। दलित समुदाय से ताल्लुक रखने के कारण अंबेडकर साहब को कक्षा में बैठने के लिए अलग से टाट लेकर जाना पड़ता था क्योंकि उन्हें अन्य बच्चों के साथ बैठने की अनुमति नहीं थी। परंतु बाबा साहेब ने हार नहीं मानी और अपनी पढ़ाई करते रहे। और जल्द ही वे दलितों के प्रमुख नेता बनकर उभरे।

1947 में अंबेडकर साहब भारत सरकार में कानून मंत्री बने और भारत के संविधान निर्माण में एक अहम भूमिका निभाई। उन्होंने 1951 में अपने पद से इस्तीफा दे दिया।

उन्होंने दलितों के साथ हो रहे शोषण के कारण 1956 में अपने 20,000 अनुयायियों के साथ बौद्ध धर्म स्वीकार कर लिया।

1956 में ही देश ने अपने सपूत डॉ भीमराव अंबेडकर को खो दिया,इस मौके पर समाजवादी पार्टी के सभी वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

TAGGED: ,
Share This Article
bpcnews.in is one of the fastest-growing Hindi News Portal with the aim of reaching millions of Indians in India and significantly worldwide Indian Diaspora who are eager to stay in touch with India-based news and stories
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *